बच्चा बनोगे वापिस !
अच्छा तुम ही बताओ अब वो बात कहाँ
बात शुरू हो, सुबह हो जाये वो रात कहाँ
होते थे हर बात पे हैरान जो,
हँसते, हँसते, गिर पड़े वो,
एक ही, नाम लिखना बस
फूल बना ,पिछले पन्ने पर |
बोलो चलोगे वापिस , बच्चा बनोगे वापिस !
ये ,महंगे जूते, ना होंगे
ना, होगी चमकती घडी
पर वादा है ,न थकेंगे पैर
न कभी वक़्त कम होगा,
बेशक, होगी जेब खाली
पर डब्बा तेरा भरा होगा ,
भाई , और कुछ हो न हो ,
पर तू मन का खरा होगा |
बोलो चलोगे वापिस , बच्चा बनोगे वापिस !
स्याही से हाथ नीले होंगे
पसीने से कमीज गीली
लगेंगे गले, खूब कस कस के
कहेंगे सुनेंगे किस्से ,हंस हंस के
बचा के रखेंगे, तेरी मिठाई
मिल के खा लेंगे थोड़ी पिटाई
झूठ झूठ विद्या रानी कसम
सच ,साथ साथ, बोलेंगे,
थोड़ा सा तुम हम, और जी लेंगे
आज से कहो अब कल मिलेंगे
बोलो चलोगे वापिस, बच्चा बनोगे वापिस !
राहुल मिश्र