Add To collaction

आजादी

आजादी कि कहानियाँ सुनी है हमने

बस कहानी कि रूप में,
इसका असली मतलब तो वो ही बता सकते है
 जो कभी गुलाम हुवा करते थे l
 आजादी कि कीमत तो वो बतलाएंगे
 जीनहोने पहेली बार तिरंगा फेहराया था l
 
इसक़े बारे में तो बोल सकते है सब
पर जिन्होने इसे महसूस किया था,
लड़ा, जीता और मुस्कुराया,
उनका दिन है आज l

हम भी छत पे दोड़े जाते थे,
तिरंगा फेहरते देख ने
और गीत गुनगुना ने को आज
खुद को जैसे बहोत ऊंचा पाते थे l
आज के दिन कि मतलब तब नहीं पता थी
पर धीरे धीरे समझ आया,
हिंदुस्तान खुद का हुवा था आज l

आजाती कि बाते हर तरफ़ आज होंगी
सब गुण गाएंगे आजादी कि आज,
क्युकी साल भर तो हिंदुस्तानिया ही नहीं कर पाते
 एक दूसरे को आजाद,
 अंध बिश्वास, उच्च नीच, पढ़ा और अनपढ़,
 धणी गरीब में ही बंधे रह जातें है हम l

देश भक्ति के नाम पे तिरंगा ही लगाना है या
अपनी जिम्मेदारी को समझ के
नये इंडिया का निर्माण भी करना है l
Pub g में मर के ohh shit karne walo,
कभी तुम शरद पे जान गुमने वालो से पूछना,
कितना त्याग, परिश्रम, वक़्त और मेहनत लगता है,
हर एक रिश्ते के आगे जब खुद के मातृभूमि को
रख के जान देना पड़ता है l

 आजादी का मतलब अब तो तुम Google भी कर सकते हो,
पर वो बलिदान तुम अपनी जान,
 देश के लिए क्या दे सकते हो?
   पुर्खो कि वो खबरे , उनकी हिमत,
    जज्बे कि बाते होती है
     पर सिर्फ आज l
     
देश भक्ति के नाम पे dp, status बदलेंगे ,
भेजे जायेंगे photos aur video हर तरफ आज 
कल से तो वही होगा जो रोज होता है,
भाग दोर कि ज़िन्दगी में देश के लिए
समय कहा होगा किसी के पास l

जॉयस जया रौनियर 

   3
0 Comments