काव्य संग्रह - भाग 44

53 Part

87 times read

0 Liked

मीरा के प्रभु गिरधर नागर काटो जम का फंदा नटवर नागर नन्दा भजो रे मन गोविन्दा श्याम सुन्दर मुख चन्दा भजो रे मन गोविन्दा। तू ही नटवर तू ही नागर तू ...

Chapter

×