1 Part
308 times read
8 Liked
तूफान उनकी आंखों में समुद्र बसा हैं उस समुद्र में ज्वार भाटा कि लहरें उठ रही हैं आज तूफान पैर पसार रहा हैं सायं सायं करती पवन डरा रही हैं जीवन ...