1 Part
1180 times read
2 Liked
जैसे निर्णय कर लेने पर मन में एक द्विधा रह जाए... जैसे बचपन की पुस्तक में कोई सुखा फूल मूंदा रह जाए... मेरे मन में तेरी यादें अब भी कुछ ऐसे ...