1 Part
52 times read
0 Liked
कभी तुझसे ना भी पूछूं, फिर भी सब बताया कर खामोशी के पीछे छिपी उदासी मेरी तू भी पहचान जाया कर थोड़ा सा ही सही मगर कुछ तो हक जताया कर ...