लेखनी कहानी -22-Dec-2021

1 Part

454 times read

4 Liked

⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘⚘ तेरे मेरे दरमियां है दुरियां बहुत,, जिस्म से दुरी मगर,,, रुह से जुड़ी है नजदीकियाँ बहुत। ख्वाईश  पूरी दूनियाँ की दिल में  बसी है,, कुछ है जो नैनों की कशाकशी ...

×