1 Part
412 times read
16 Liked
पाकर तुझको पा लिया पाकर तुझको आस्मां पा लिया इश्क में एक नया जहां पा लिया। अब छाए न क्यों शुरूर मुझ पे प्यार तुमसे बेइम्तहां पा लिया। महक उठे हैं ...